‘मेरे पिता मेरे प्राथमिक कोच रहे हैं…’, प्लेयर ऑफ द सीरीज बनने के बाद शुभमन गिल ने पिता को दिया श्रेय

जिम्बाब्वे और भारत (ZIM vs IND) के बीच तीन मैचों की वनडे सीरीज के तीसरे और आखिरी मुकाबले में भारत ने शुभमन गिल (Shubman Gill) की शतकीय पारी की बदौलत 13 रनों से मैच में जीत हासिल की और मेजबान टीम को 3-0 से क्लीन स्वीप कर सीरीज पर कब्जा किया।

बता दें तीसरे वनडे में भारतीय बल्लेबाज शुभमन गिल (Shubman Gill) की आतिशी पारी के लिए उन्हें प्लेयर ऑफ द मैच से नवाजा गया।इसके साथ ही पूरे सीरीज में गिल का धमाकेदार प्रदर्शन रहा, जिसके लिए उन्हें मैन ऑफ द सीरीज का अवॉर्ड दिया गया। इस दौरान गिल काफी खुश नजर आए और उन्होंने अपनी प्रतिक्रिया साझा की।

‘मैन ऑफ द सीरीज’ बनने के बाद शुभमन गिल ने दिया ये बयान

दरअसल जिम्बाब्वे और भारत (ZIM vs IND) के बीच खेले गए तीन मैचों की वनडे सीरीज के आखिरी और तीसरे मुकाबले में टीम इंडिया ने 12 रनों से जीत के साथ ही मेजबान टीम का 3-0 से क्लीन स्वीप करते हुए वनडे सीरीज जीत ली। बता दें टीम इंडिया की तरफ से शुभमन गिल (Shubman Gill) ने शानदार शतकीय पारी खेलकर भारत को इस जीत में अहम योगदान दिया।

उन्हें इस मैच के बाद हुई प्रेजेंटेशन में मैन ऑफ द सीरीज और मैन ऑफ द मैच से नवाजा गया। इस दौरान गिल काफी खुश नजर आए और उन्होंने साथ ही अपनी प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए कहा,

‘मैं सिर्फ अपने डॉट बॉल प्रतिशत को कम करने की कोशिश कर रहा था। मैंने जितना हो सके अंतराल को हिट करने की कोशिश की। जब मैं अंदर गया तो कुछ गेंदबाज अच्छी गेंदबाजी कर रहे थे। इससे पार पाना महत्वपूर्ण था। एक बार जब हम बस गए, तो हमें पता था कि हम हमला कर सकते हैं। बल्ला काफी अच्छा था। इसलिए मैंने इसे 50 के बाद बदल दिया, मैं इसे सहेजना चाहता था।’

इसके साथ ही शुभमन गिल (Shubman Gill) ने अपने पहले इंटरनेशनल क्रिकेट करियर के शतक लगाने पर कहा कि उनके लिए ये अवसर बेहद ही खास रहा, उन्होंने साथ ही कहा,

ये निश्चित रूप से खास रहा, इस टीम की तरफ से मुझे खेलकर बहुत अच्छा लगता है। मेरे पिता मेरे प्राथमिक कोच रहे हैं। दूसरे वनडे में आउट होने के बाद मुझे स्कूली शिक्षा मिली, इसलिए मैं इसे उन्हें समर्पित करता हूं।

error: Content is protected !!